Sunday , 21 January 2018

Category: शख्सियत खास

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शख्सियत खास

  • रेड सेल्यूट ! कॉमरेड अजीत सिंह ज्याणी

    रेड सेल्यूट ! कॉमरेड अजीत सिंह ज्याणी

      आदमी की महानता बाजार और भीड़ ही तय करे ये जरूरी नहीं, बुद्धिमता या व्यक्तित्व तौर पर कुछ आदर्श हमारे आसपास भी हो सकते हैं। हमारे पास किसी की कितनी भी यादें हो, जिए हुए पल हो, ...

  • प्रो. जीएन साईबाबा का केंद्रीय जेल नागपुर से अपनी माँ को पत्र

    प्रो. जीएन साईबाबा का केंद्रीय जेल नागपुर से अपनी माँ को पत्र

    प्रो. जीएन साईबाबा का केंद्रीय जेल नागपुर से अपनी माँ को पत्र यह कविता प्रो. जीएन साईबाबा ने केंद्रीय जेल नागपुर में अपने अण्डा सेल से लिखी गई है। आशा है कि योग्य दोस्तों को इस महा ...

  • काश मैं सिर्फ एक इंसान होता

    काश मैं सिर्फ एक इंसान होता

    काश मैं सिर्फ एक इंसान होता काश मैं सिर्फ एक इंसान होता मां हिंदू होती, बाप मुसलमान होता या मां मुसलमान होती, बाप हिंदू होता मेरे मौला इससे क्‍या फर्क पड़ता आखिर मालिक तो दोनों का ...

  • पसीने के बल सृजन

    पसीने के बल सृजन

    किसी व्यक्ति को बढ़ी दाढ़ी व घिसे कपड़ों में ऊंटगाड़े पर बैठ नित खेत जाते देख कौन कह सकता है कि यह राजस्थानी का बड़ा कथाकार और कवि है। पर यह सच है। रामस्वरूप किसान राजस्थानी कथा-सा ...

राममनोहर लोहिया – गांधी और मार्क्स के बीच की कड़ी

राममनोहर लोहिया – गांधी और मार्क्स के बीच की कड़ी

अयं निजः परोवेति गणना लघुचेतसाम। उदारचरितानां तु वसुधैव कुटुम्बकम्।। संस्कृत के इस श्लोक में वर्णित ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की कसौटी पर खरा उतरता था भारतीय समाजवादी विचारक राम मनोहर ल ...

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क्या वाल्मीकि, कबीर व रैदास के साथ खड़े हो सकते हैं ?

क्या वाल्मीकि, कबीर व रैदास के साथ खड़े हो सकते हैं ?

आज वाल्मीकि जयंती है। पूरे देश मे सरकार इसे धूमधाम से मना रही है। जगह-जगह सरकार कार्यक्रम कर रही है। पिछले 2-3 दिनों से वाल्मीकि जयंती की बधाइयों व कार्यक्रमो के सन्देश भी सोशल मी ...

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शहीद-ए-आज़म भगत सिंह और इंक़लाब

शहीद-ए-आज़म भगत सिंह और इंक़लाब

शहीद-ए-आज़म भगत सिंह और इंक़लाब         23 मार्च 1931 भारत की क्रांति के  इतिहास का वो ऐतिहासिक दिन है जिस दिन इंग्लैंड की साम्राज्यवादी सरकार ने साम्राज्यवादी इंग्लैंड के खिलाफ भा ...

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भगत सिंह – कितने दूर कितने पास

भगत सिंह – कितने दूर कितने पास

भगत सिंह हमारी राष्ट्रीय चेतना में कितने गहरे बसे हैं इसका अंदाज़ा इसी बात से लगाया जा सकता है कि धुर दक्षिणपंथी दलों से लेकर धुर वामपंथी दलों तक उन्हें अपना नायक बनाने और उनसे अपन ...

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राम चन्द्र छत्रपति –  एक जिद का सफरनामा

राम चन्द्र छत्रपति – एक जिद का सफरनामा

दरअसल छत्रपति केवल एक पत्रकार का नाम नहीं है। वे गणेश शंकर विद्यार्थी की परंपरा के एक ऐसे पत्रकार थे जो  सच्चाई के पक्ष में निर्भीकता के साथ खड़े रहे।  उनके जीते जी हम उनका सही मूल ...

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रफ एंड टफ रणदीप ! जन्मदिन मुबारक

रफ एंड टफ रणदीप ! जन्मदिन मुबारक

हरियाणा की दूध-घी से जुड़ी उपजाऊ धरती ताकतवर खिलाड़ी तो जनती ही है, वहीं इस मिट्टी से भारतीय सिनेमा को भी अनेक अभिनेता मिले हैं, ऐसे अभिनेता जिन्होंने अपनी खास पहचान बनाई, जिन्हें ...

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अमृता प्रीतम – इन्हें जानना ज़रूरत है जिंदगी की

अमृता प्रीतम – इन्हें जानना ज़रूरत है जिंदगी की

अमृता प्रीतम, एक ऐसी शख्सियत जिन से आप सभी बखूबी परिचित होंगे, और अगर नहीं है ..तो सच मानिए ...इन्हें जानना ज़रूरत है जिंदगी की। अमृता एक देह नहीं, एक आत्मा है जो हर एक औरत के दिल ...

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पाकिस्तान की मशाल को सलाम

पाकिस्तान की मशाल को सलाम

पाकिस्तान में "वली खान यूनिवर्सिटी" के छात्र नेता व पत्रकारिता विषय के छात्र कामरेड मशाल खान की उसी यूनिवर्सिटी के धार्मिक आंतकवादी छात्रों द्वारा की गयी निर्मम हत्या पाकिस्तान, भ ...

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सावित्रीबाई फुले – नारी आंदोलन की मशाल भी मिसाल भी

सावित्रीबाई फुले – नारी आंदोलन की मशाल भी मिसाल भी

काम करो-ज्ञान और धन इकट्ठा करो ज्ञान के बिना सब खो जाता है, ज्ञान के बिना हम जानवर बन जाते है इसलिए, खाली ना बैठो,जाओ, जाकर शिक्षा लो दमितों और त्याग दिए गयों के दुखों का अंत करो, ...

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स्वामी दयानन्द सरस्वतीः आर्यसमाज के संस्थापक

स्वामी दयानन्द सरस्वतीः आर्यसमाज के संस्थापक

स्वामी दयानन्द सरस्वती। एक सुधारवादी सन्यासी, विद्वान, दार्शनिक और आर्यसमाज के संस्थापक। स्वामी जी का जब भी जिक्र आता है तो हमारी समीक्षक दृष्टि एक बार फिर उस समाज की ओर चली जाती ...

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