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रियो ओलिंपिकः कुछ खट्टा, कुछ मीठा, उम्मीद बरकरार

August 13, 2016 7:24 pm by: Category: खबर खास Leave a comment A+ / A-

रियो ओलिंपिक में पदक की उम्मीद पर बना विश्वास मजबूत होने की बजाय कुछ चरचरा हो रहा है, कुछ खटास मिलती नजर आ रही है। इन खेलों का सातवां दिन भी भारत के लिए बिना मेडल के गुजर गया। शुक्रवार को केवल टेनिस और बॉक्सिंग से अच्छी खबर आई। टेनिस में सानिया मिर्जा और रोहन बोपन्ना की जोड़ी मिक्स्ड डबल्स के सेमीफाइनल में पहुंच गई। जबकि बॉक्सिंग में भारत के विकास यादव 75 किग्रा वेट कैटेगरी में क्वार्टरफाइनल में पहुंच गए। उधर हॉकी में भारत और कनाडा के बीच हुआ मुकाबला 2-2 से ड्रॉ रहा, जबकि तीरंदाजी में अतनु दास की हार के साथ ही भारत की उम्मीदें खत्म हो गईं। शूटिंग, बैडमिंटन और एथलेटिक्स के लिए भी शुक्रवार का दिन काफी खराब रहा।sania rohan

बता दें कि भारत से 119 प्लेयर्स 15 गेम्स में हिस्सा लेने गए थे जिनमें से से 37 खिलाड़ियों का सफर बिना मेडल जीते ही खत्म हो गया। जबकि स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (साई) ने ओलिंपिक की शुरुआत से पहले सरकार को भेजी रिपोर्ट के मुताबिक 19 मेडल जीते जाने की उम्मीद जताई थी, मगर कुछ खिलाड़ियों की उम्मीदों पर पानी फिर चुका है। आपको बता दें कि आर्चरी में अतनु दास, दीपिका कुमारी, बोम्बायला देवी लैशराम, लक्ष्मीरानी माझी की उम्मीद खत्म हो चुकी है। वहीं मेन्स शूटिंग में अभिनव बिंद्रा, जीतू राय, प्रकाश नंजप्पा, वुमन्स शूटिंग में हीना सिद्धू, अयोनिका पॉल, अपूर्वी चंदेला, ट्रैप शूटिंग में मानवजीत सिंह संधू, कीनन चेनाई, टेनिस में लिएंडर पेस, प्रार्थना थांबरे, रोइंग में बबन दत्तू भोकानाल तथा बैडमिंटन मेन्स डबल्स में सुमित रेड्डी और मनु अत्री भी पूरी तरह से बाहर हो चुकी हैं।

उधर बैडमिंटन वुमन्स डबल्स में अश्विन पोनप्पा और ज्वाला गुट्टा बाहर हैं मेन्स टेबल टेनिस में सौम्यजीत घोष, शरत कमल अचंत, वुमन्स टेबल टेनिस में मौमा दास, मणिका बत्रा और स्विमिंग में साजन प्रकाश, शिवानी कटारिया और वेट लिफ्टिंग में मीराबाई चानू सैखोम, सतीश शिवालिंगम की उम्मीदें खत्म हो गई है। तो वहीं बॉक्सिंग में शिवा थापा, जूडोका में अवतार सिंह, एथलेटिक्स में मनप्रीत कौर, विकास गौड़ा, जिनसन जॉनसन, मनीष सिंह, गणपति कृष्णन और गुरमीत सिंह और लॉन्ग जम्पिंग में मोहम्मद अनस और अंकित शर्मा बाहर हो चुके हैं। मगर बचे हुए खिलाड़ियों से उम्मीद अभी बरकरार है।

रियो ओलिंपिकः कुछ खट्टा, कुछ मीठा, उम्मीद बरकरार Reviewed by on . रियो ओलिंपिक में पदक की उम्मीद पर बना विश्वास मजबूत होने की बजाय कुछ चरचरा हो रहा है, कुछ खटास मिलती नजर आ रही है। इन खेलों का सातवां दिन भी भारत के लिए बिना मे रियो ओलिंपिक में पदक की उम्मीद पर बना विश्वास मजबूत होने की बजाय कुछ चरचरा हो रहा है, कुछ खटास मिलती नजर आ रही है। इन खेलों का सातवां दिन भी भारत के लिए बिना मे Rating: 0

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